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सालमन मछली के फायदे और नुकसान – Salmon Fish Advantages and Aspect Results in Hindi

शरीर के लिए अच्छे आहार का सेवन बहुत जरूरी है। इसके लिए कुछ लोग शाकाहारी तो कुछ मांसाहारी भोजन का सेवन करते हैं। इस स्थिति में जब नॉनवेज डाइट की बात होती है, तो सालमन मछली को सबसे बेहतर माना जाता है। इस मछली के सेवन से कई स्वास्थ्य समस्याओं के लक्षणों को कम करने में मदद मिल सकती है। वहीं, गंभीर बीमारी की अवस्था में डॉक्टरी इलाज को बिल्कुल नजरअंदाज न करें। आइए, स्टाइलक्रेज के इस लेख में सालमन मछली खाने के फायदे के साथ-साथ सालमन मछली खाने के नुकसान और अन्य जरूरी जानकारियों के बारे में जानते हैं।

लेख में सबसे पहले जानते हैं कि सालमन मछली क्या है।

सालमन मछली क्‍या है? – What’s Salmon Fish in Hindi

सालमन एक प्रकार की मछली है, जो ताजे पानी के साथ-साथ खारे पानी में भी रह सकती है। सालमन रंग का एक प्रकार भी है, जो गुलाबी-नारंगी से लेकर हल्के गुलाबी रंगों की श्रेणी में आता है। इस मछली का रंग भी कुछ ऐसा होता है, इसलिए इसका नाम सालमन रखा गया है। सालमन मछली की ऊपरी सतह चांदी जैसी दिखती है, लेकिन जब इसकी त्वचा को साफ किया जाता है, तो यह नारंगी रंग की दिखती है। माना जाता है कि यह मछलियां अंडे देने के लिए ताजे पानी की ओर आती हैं। इस मछली का अधिकतम वजन 57.Four किलोग्राम और लम्बाई 1.5 मीटर तक हो सकती है (1)।

सालमन मछली के सेवन से होने वाले स्वास्थ्य फायदों के बारे में लेख के इस भाग में बताया जा रहा है।

सालमन मछली के फायदे – Advantages of Salmon Fish in Hindi

सालमन मछली खाने के निम्नलिखित फायदे हो सकते हैं।

1. हृदय स्वास्थ्य के लिए

हृदय स्वास्थ्य के लिए सालमन मछली के फायदे देखे जा सकते हैं। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के अनुसार, हफ्ते में एक बार सालमन मछली खाने से हार्ट अटैक और अन्य हृदय रोगों से सुरक्षित रहने में मदद मिल सकती है (2)। इस स्थिति में एक बार डॉक्टरी सलाह भी ली जा सकती है।

2. वजन घटाने के लिए

सालमन मछली का उपयोग वजन घटाने के काम भी आ सकता है। सीडीसी (सेंटर फॉर डिसीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन) के अनुसार वजन घटाने के लिए कम कैलोरी वाले आहार का सेवन वजन को नियंत्रित करने में लाभ पहुंचा सकता है। ऐसे खाद्य पदार्थ पानी और फाइबर की अच्छी मात्रा से भरपूर होते हैं, जो पेट को भरा हुआ रख सकते हैं। ऐसे में ग्रिल्ड सालमन यानी भूनकर पकाई गई सालमन का उपयोग पेट को भरा हुआ रखकर वजन घटाने के लिए फायदेमंद हो सकता है (3)।

3. सूजन को करने के लिए

व्यक्ति के शरीर में होने वाली कुछ सामान्य प्रकार की सूजन को कम करने के लिए सालमन मछली का उपयोग किया जा सकता है। सालमन में ओमेगा-Three फैटी एसिड पाया जाता है, जो एंटी-इंफ्लेमेटरी क्रिया को प्रदर्शित कर सकता है (4)। इस गुण के कारण सालमन मछली सूजन की स्थिति को कम करने में मदद कर सकती है। वहीं, अगर सूजन की समस्या ज्यादा गंभीर है, तो मेडिकल ट्रीटमेंट का सहारा जरूर लें।

4. दिमाग की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए

दिमाग की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए भी सालमन मछली के फायदे देखे जा सकते हैं। यहां एक बार फिर से सालमन मछली में पाए जाने वाले ओमेगा-Three फैटी एसिड का जिक्र होगा। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफार्मेशन) के अनुसार, सालमन मछली में पाए जाने वाले ओमेगा-Three फैटी एसिड का सेवन दिमाग की कार्यक्षमता में सुधार कर सकता है, जिससे याद करने की क्षमता, नई चीज सीखने की क्षमता और निर्णय लेने की क्षमता में सुधार हो सकता है (5)। साथ ही यह मूड डिसऑर्डर को सुधारने में भी मदद कर सकता है।

5. कैंसर की स्थिति में

कैंसर से बचने के लिए भी सालमन मछली का सेवन किया जा सकता है। जैसा कि हमने ऊपर बताया कि सालमन मछली में ओमेगा-Three फैटी एसिड पाया जाता है। यह फैटी एसिड कोलन कैंसर, प्रोस्टेट कैंसर और ब्रेस्ट कैंसर से बचाने में मदद कर सकता है (6)। इन जोखिम से बचने के लिए मछली को पकाकर खाया जा सकता है। कैंसर एक गंभीर बीमारी है, जिसका उपचार सिर्फ मेडिकल ट्रीटमेंट से ही संभव है। इसलिए, कैंसर जैसी अवस्था में सालमन मछली का सेवन डॉक्टर की सलाह पर ही करना चाहिए।

6. बच्चों में ADHD की स्थिति में

एडीएचडी, बचपन में होने वाले सबसे आम न्यूरोडेवलपमेंटल विकारों में से एक है। इसका पूरा नाम अटेंशन डेफिसिट हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर (Consideration Deficit Hyperactivity Dysfunction) है। इसमें बच्चों को ध्यान/एकाग्रता लगाने में परेशानी होती है (7)। वहीं, मछली को मस्तिष्क की कार्यक्षमता को बढ़ाने वाला खाद्य पदार्थ माना गया है। सालमन मछली में मौजूद ओमेगा-Three फैटी एसिड बच्चों के दिमाग और एडीएचडी की स्थिति को सुधारने में लाभदायक हो सकता है। डॉक्टर की सलाह पर बच्चे को हफ्ते में दो बार फिश करी के रूप में सालमन मछली खिलाई जा सकती है (8)।

7. प्रोटीन के उच्च स्रोत के रूप में

सालमन मछली को प्रोटीन खाद्य पदार्थ के एक बेहतर स्रोत के रूप में उपयोग किया जा सकता है (9)। प्रोटीन मानव शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व है। इसकी पूर्ति हड्डियों, मांसपेशियों और त्वचा के लिए सकारात्मक रूप से कार्य करती है (10)।

8. विटामिन-बी और विटामिन-डी के रूप में

विटामिन-बी और विटामिन-डी के रूप में भी सालमन मछली के फायदे देखे जा सकते हैं। सालमन मछली में विटामिन-बी समूह का विटामिन-बीThree पाया जाता है। विटामिन-बीThree के सेवन से पिलैग्रा (Pellagra) यानी शरीर में नियासिन की मात्रा में कमी जैसे रोग से बचने में मदद मिल सकती है (11)। इस रोग में सूर्य की किरणों के संपर्क में आने से त्वचा पर रैशेज और भूरे रंग के दाग होने लगते हैं। साथ ही त्वचा खुरदरी भी हो जाती है।

इसके अलावा, सालमन मछली में विटामिन-डी3 (विटामिन डी का ही एक रूप) भी पाया जाता है। विटामिन-डी हड्डियों, आंत (Intenstine), इम्यूनिटी, हृदय की कार्यप्रणाली, अग्न्याशय (Pancreas), मांसपेशियों और मस्तिष्क के लिए लाभदायक हो सकता है (12)।

9. मैक्यूलर (Macular) स्वास्थ्य के लिए

मैक्यूलर स्वास्थ्य के लिए भी सालमन मछली का प्रयोग किया जा सकता है। मैक्युला, रेटिना से जुड़ा एक हिस्सा होता है, जिसमें दोष उत्पन्न होने से आंखों से जुड़ी मैक्यूलर डिजनरेशन जैसी बीमारी हो सकती। यह बीमारी अंधेपन का कारण बन सकती है (13)। वहीं, सालमन मछली में डोकोसैक्सिनोइक एसिड (Docosahexaenoic Acid) और इकोसैपेंटेनोइक एसिड (Eicosapentaenoic acid) पाया जाता है। ये ओमेगा-Three फैटी एसिड का ही रूप होते हैं, जो मैक्यूलर डिजनरेशन पर लाभदायक असर दिखा सकते हैं (14)।

10. सेलेनियम के उच्च स्रोत के रूप में

सेलेनियम के अच्छे स्रोत के रूप में भी सालमन मछली का उपयोग किया जा सकता है। सालमन मछली में सेलेनियम की अच्छी मात्रा पाई जाती है। सेलेनियम मुख्य रूप से दिमाग, हृदय स्वास्थ्य और इम्यून सिस्टम के लिए सक्रिय रूप से लाभदायक हो सकता है (15)। रात को खाने के समय सालमन मछली को खाने में शामिल किया जा सकता है, जिससे शरीर में सेलेनियम की पूर्ति की जा सकती है।

11. एस्टैक्सैंथिन (Astaxanthin) के रूप में

एस्टैक्सैंथिन के एक अच्छे स्रोत के रूप में सालमन मछली लाभदायक हो सकती है। एस्टैक्सैंथिन एक जेन्थोफिल कैरोटीनॉयड है, जो विभिन्न सूक्ष्मजीवों और समुद्री जीवों में पाया जाता है। इसमें एंटी-डायबिटिक, एंटीऑक्सीडेंट, एंटी-इंफ्लेमेटरी और फ्री-रेडिकल्स को डैमेज करने वाले गुण होते हैं। साथ ही यह हृदय स्वास्थ्य के लिए भी लाभदायक हो सकता है (16)। डॉक्टरी सलाह पर आप इसको फिश की किसी भी डिश के रूप में खा सकते हैं।

12. मूड को सुधारने में

कभी-कभी किसी वजह से मूड ठीक नहीं रहता, जिसे सुधारने के लिए भी सालमन का सेवन फायदेमंद हो सकता है। दरअसल, सालमन मछली में ओमेगा-Three फैटी एसिड पाया जाता है। यह फैटी एसिड मस्तिष्क की कार्यक्षमता को बढ़ाने के साथ-साथ मूड सुधारने में भी मदद कर सकता है (5)। अगर ज्यादा दिनों तक मूड खराब रहे, तो मनोचिकित्सक की सलाह ली जा सकती है।

13. बालों के लिए सालमन मछली के लाभ

बालों को स्वस्थ बनाए रखने के लिए भी सालमन मछली का उपयोग किया जा सकता है। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इनफार्मेशन) के मुताबिक बालों को स्वस्थ रखने के लिए सालमन मछली में मौजूद विटामिन-डीThree का सेवन लाभदायक हो सकता है। विटामिन डी-Three एक ट्रांसक्रिप्शन (डीएनए से जुड़ी एक क्रिया) के रूप में कार्य करता है, जिससे बालों को स्वस्थ रखने में मदद मिल सकती है (17)।

14. त्वचा के लिए सालमन मछली के फायदे

त्वचा के लिए भी सालमन मछली के फायदे देखे जा सकते हैं। सालमन मछली को प्रोटीन का अच्छा स्रोत माना जाता है (9)। प्रोटीन का सेवन हमारी मांसपेशियों के साथ-साथ त्वचा के स्वास्थ्य के लिए भी लाभदायक हो सकता है। इस स्थिति में डॉक्टर की सलाह लेने के बाद मछली को आहार में शामिल किया जा सकता है (10)।

सालमन मछली के लाभ जानने के बाद आइए अब इसके पौष्टिक तत्वों के बारे में भी जान लेते हैं।

सालमन मछली के पौष्टिक तत्व – Salmon Fish Dietary Worth in Hindi

सालमन फिश में निम्नलिखित पौष्टिक तत्व पाए जाते हैं (9)।

पौष्टिक तत्व मात्रा प्रति 100 ग्राम
जल 68.5g
ऊर्जा 142kcal
प्रोटीन 19.84g
टोटल लिपिड 6.34g
ऐश 2.54g
मिनरल
कैल्शियम 12mg
आयरन 0.8mg
मैग्नीशियम 29mg
फास्फोरस 200mg
पोटैशियम 490mg
सोडियम 44mg
 जिंक 0.64mg
कॉपर 0.25mg
मैग्नीशियम 0.016mg
सेलेनियम 36.5μg
विटामिन
थियामिन 0.226mg
राइबोफ्लेविन 0.38mg
नियासिन 7.86mg
विटामिन बी-6 0.818mg
फोलेट (कुल,डीएफई,फूड) 25μg
विटामिन बी-12 3.18mg
विटामिन-ए (आईयू) 40IU
लिपिड
फैटी एसिड टोटल सैचुरेटेड 0.981g
फैटी एसिड, टोटल मोनोअनसैचुरेटेड 2.103g
फैटी एसिड, टोटल पॉलीअनसैचुरेटेड 2.539g

आइए, अब जानते हैं कि सालमन मछली को कैसे खाने में उपयोग कर सकते हैं।

सालमन मछली का उपयोग – Find out how to Use Salmon Fish in Hindi

सालमन मछली को निम्न प्रकार से उपयोग किया जा सकता है।

  • सालमन मछली को तेल में फ्राई करके खाया जा सकता है।
  • सालमन मछली को करी के रूप में खाया जा सकता है।
  • इसे स्टीम करके खाया जा सकता है।
  • इसे लेमन बटर के साथ पकाकर खाया जा सकता है।
  • इसे शतावरी की सब्जी के साथ भी खाया जा सकता है।
  • सालमन मछली को रोस्ट करके खाया जा सकता है।

कब खाएं : सालमन मछली को सुबह नाश्ते के रूप में ले सकते हैं। दोपहर को लंच के साथ भी आप सालमन मछली का सेवन कर सकते हैं। साथ ही साथ सालमन मछली को रात में डिनर के रूप में भी खा सकते हैं।

कितनी मात्रा में खाएं : सालमन मछली के सेवन की सही मात्रा की जानकारी के लिए किसी आहार विशेषज्ञ की सलाह लें। साथ ही साथ इस बारे में भी उनसे अवश्य सलाह लें कि सालमन मछली को दिन भर में या हफ्ते में कितनी बार खाया जा सकता है।

 आइए, लेख के इस भाग में जानते हैं कि इसके सेवन से क्या नुकसान हो सकते हैं।

सालमन मछली के नुकसान – Aspect Results of Salmon Fish in Hindi

सालमन मछली के सेवन से होने वाले नुकसान के बारे में अभी भी वैज्ञानिक शोध जारी है। वैसे तो इसके बहुत कम ही नुकसान हैं, जिनके बारे में नीचे बताया जा रहा है –

  • सालमन मछलियों को पकड़ने के लिए अगर किसी रासायनिक पदार्थ का इस्तेमाल किया गया है, तो यह नुकसानदायक हो सकता है।
  • कृतिम रूप से पाली गई सालमन मछली के सेवन से पहले यह जांच लें कि किसी भी प्रकार के बैक्टीरिया से बचने के लिए उन्हें कोई वैक्सीन तो नहीं दिया गया है। ऐसी सालमन मछलियों का सेवन विकास को कम कर सकता और पेट संबंधी समस्याएं खड़ी कर सकता है(18)।
  • कई दिनों तक बर्फ में रखी सालमन को खाने से बचें। इससे कई तरह की शारीरिक समस्याओं के होने का खतरा हो सकता है। हालांकि, इस विषय पर सटीक वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।
  • जिन लोगों को मांस खाने से एलर्जी हो, वो डॉक्टर की सलाह पर ही इसका सेवन शुरू करें। 

सालमन मछली के फायदे और नुकसान जानने के बाद अब इसका सावधानीपूर्वक सेवन करें। इस मछली को खाने से पहले यह जरूर पता कर लें कि मछली को कृत्रिम रूप से पालने के दौरान कहीं किसी रासायनिक खाद्य पदार्थ का इस्तेमाल तो नहीं किया गया है। स्वास्थ्य फायदों के लिए इस्तेमाल करने से पहले एक बार डॉक्टर की भी राय ली जा सकती है। ऐसी सालमन मछलियों को खाने से बचें, जिनको समुद्र से निकालने के बाद कई दिनों तक बाहर रखा गया हो। जो लोग किसी गंभीर बीमारी का इलाज करवा रहे हैं, ऐसे लोग डॉक्टर की सलाह पर ही इसका सेवन करें। सालमन मछली के जुड़ी किसी अन्य जानकारी के लिए आप नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स की मदद ले सकते हैं।

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